Class 11 Geography Notes Chapter 2 (मानचित्र मापनी) – Bhugol me Prayogatmak Karya Book

प्रिय विद्यार्थियों,
आज हम भूगोल के प्रायोगिक कार्य पुस्तक के अध्याय 2, 'मानचित्र मापनी' का विस्तृत अध्ययन करेंगे। यह अध्याय मानचित्रों को समझने और उनका सही उपयोग करने की आधारशिला है। सरकारी परीक्षाओं की तैयारी के लिए यह विषय अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे संबंधित प्रश्न अक्सर पूछे जाते हैं। आइए, इस अध्याय की गहराई में उतरते हैं।
अध्याय 2: मानचित्र मापनी (Map Scale)
1. मापनी का अर्थ (Meaning of Scale)
मापनी वह अनुपात है जो मानचित्र पर दो बिंदुओं के बीच की दूरी और धरातल पर उन्हीं दो बिंदुओं के बीच की वास्तविक दूरी को दर्शाता है। यह हमें यह समझने में मदद करती है कि मानचित्र पर दर्शाया गया छोटा क्षेत्र वास्तविक धरातल पर कितना बड़ा है।
सूत्र: मापनी = (मानचित्र पर दूरी) / (धरातल पर वास्तविक दूरी)
2. मापनी का महत्व (Importance of Scale)
- वास्तविक दूरी का ज्ञान: मापनी की सहायता से मानचित्र पर मापी गई दूरी को धरातल की वास्तविक दूरी में परिवर्तित किया जा सकता है।
- मानचित्रों का वर्गीकरण: मापनी के आधार पर मानचित्रों को वृहत् मापनी (Large Scale) और लघु मापनी (Small Scale) मानचित्रों में वर्गीकृत किया जाता है।
- विवरण का स्तर: वृहत् मापनी मानचित्र अधिक विवरण दर्शाते हैं, जबकि लघु मापनी मानचित्र कम विवरण के साथ बड़े क्षेत्रों को दर्शाते हैं।
- शुद्धता: मापनी मानचित्र की शुद्धता और उपयोगिता के लिए आवश्यक है।
3. मापनी के प्रकार (Types of Scale)
मापनी को मुख्य रूप से तीन प्रकार से व्यक्त किया जा सकता है:
a) कथन मापनी (Verbal or Statement Scale):
- परिभाषा: इस विधि में मापनी को शब्दों में व्यक्त किया जाता है।
- उदाहरण: "1 सेंटीमीटर = 10 किलोमीटर" का अर्थ है कि मानचित्र पर 1 सेंटीमीटर की दूरी धरातल पर 10 किलोमीटर की वास्तविक दूरी को दर्शाती है।
- लाभ:
- समझने और उपयोग करने में अत्यंत सरल।
- सामान्य व्यक्तियों के लिए आसानी से बोधगम्य।
- हानि:
- यदि मानचित्र को छोटा या बड़ा (ज़ूम इन/आउट) किया जाता है, तो कथन मापनी गलत हो जाती है क्योंकि मानचित्र की दूरी बदल जाती है, लेकिन कथन नहीं बदलता।
- विभिन्न देशों में अलग-अलग इकाइयों (जैसे मील, किलोमीटर) के कारण सार्वभौमिक उपयोग में कठिनाई।
b) ग्राफिक या रेखीय मापनी (Graphical or Bar Scale):
- परिभाषा: यह एक सीधी रेखा होती है जिसे प्राथमिक और द्वितीयक विभाजनों में बांटा जाता है। यह मानचित्र पर दूरी को सीधे धरातल की दूरी से संबंधित करती है।
- लाभ:
- मानचित्र के छोटे या बड़े होने (ज़ूम इन/आउट) पर भी यह मापनी सही रहती है, क्योंकि रेखा भी मानचित्र के साथ आनुपातिक रूप से छोटी या बड़ी हो जाती है।
- विभिन्न इकाइयों (जैसे किलोमीटर, मील) में आसानी से पढ़ा जा सकता है यदि दोनों इकाइयाँ दर्शाई गई हों।
- सीधे दूरी मापने और पढ़ने में सहायक।
- हानि:
- बनाने में कथन मापनी की तुलना में अधिक समय और सटीकता की आवश्यकता होती है।
- मानचित्र पर स्थान घेरती है।
c) प्रतिनिधि भिन्न (Representative Fraction - R.F.) या निरूपक भिन्न:
- परिभाषा: यह एक भिन्न के रूप में व्यक्त की जाती है, जिसमें अंश हमेशा 1 होता है और हर धरातल की दूरी को दर्शाता है। अंश और हर दोनों समान इकाइयों में होते हैं।
- उदाहरण: 1:50,000 या 1/50,000 का अर्थ है कि मानचित्र पर 1 इकाई दूरी धरातल पर 50,000 समान इकाइयों की दूरी को दर्शाती है। (जैसे, 1 सेमी = 50,000 सेमी या 1 इंच = 50,000 इंच)।
- लाभ:
- सार्वभौमिक: यह किसी भी इकाई प्रणाली (मीट्रिक या ब्रिटिश) में उपयोग की जा सकती है, क्योंकि यह केवल अनुपात है।
- मानचित्र के छोटे या बड़े होने पर भी सही रहती है (क्योंकि यह एक अनुपात है जो मानचित्र के साथ नहीं बदलता)।
- वैज्ञानिक और तकनीकी कार्यों के लिए सबसे उपयुक्त।
- हानि:
- सीधे दूरी नहीं बताती; उपयोगकर्ता को गणना करके दूरी निकालनी पड़ती है।
- सामान्य व्यक्तियों के लिए समझने में थोड़ी जटिल हो सकती है।
4. मापनी का रूपांतरण (Conversion of Scale)
विभिन्न प्रकार की मापनी को एक-दूसरे में बदलना आना चाहिए:
a) कथन मापनी को निरूपक भिन्न में बदलना:
- उदाहरण: 1 सेमी = 5 किमी
- सबसे पहले, दोनों इकाइयों को समान करें। 1 किमी = 1000 मीटर, 1 मीटर = 100 सेमी।
- तो, 5 किमी = 5 × 1000 × 100 सेमी = 500,000 सेमी।
- निरूपक भिन्न = 1/500,000 या 1:500,000
b) निरूपक भिन्न को कथन मापनी में बदलना:
- उदाहरण: 1:250,000
- इसका अर्थ है 1 इकाई मानचित्र पर = 250,000 समान इकाइयाँ धरातल पर।
- यदि हम सेंटीमीटर में लेते हैं: 1 सेमी = 250,000 सेमी।
- इसे किलोमीटर में बदलें: 250,000 सेमी / 100 (सेमी प्रति मीटर) = 2500 मीटर।
- 2500 मीटर / 1000 (मीटर प्रति किमी) = 2.5 किमी।
- कथन मापनी: 1 सेमी = 2.5 किमी।
c) निरूपक भिन्न को रेखीय मापनी में बदलना (निर्माण विधि):
- यह एक व्यावहारिक कार्य है जिसमें एक सीधी रेखा खींचकर उसे प्राथमिक और द्वितीयक विभाजनों में बांटा जाता है, जो धरातल की वास्तविक दूरी को दर्शाते हैं। (यह प्रायोगिक कार्य का हिस्सा है और सैद्धांतिक परीक्षा में इसकी निर्माण प्रक्रिया कम पूछी जाती है, लेकिन इसका महत्व जानना आवश्यक है)।
5. मापनी के आधार पर मानचित्रों का वर्गीकरण (Classification of Maps based on Scale)
मापनी के आकार के आधार पर मानचित्रों को दो मुख्य श्रेणियों में बांटा जा सकता है:
a) वृहत् मापनी मानचित्र (Large Scale Maps):
- विशेषताएँ: ये छोटे क्षेत्रों का विस्तृत विवरण दर्शाते हैं। इनमें धरातल की छोटी से छोटी विशेषताओं (जैसे घर, खेत की सीमाएँ, कुएँ) को भी दिखाया जाता है।
- निरूपक भिन्न: इनकी निरूपक भिन्न बड़ी होती है (अर्थात हर छोटा होता है), जैसे 1:10,000, 1:25,000, 1:50,000, 1:2,50,000 तक।
- उदाहरण:
- भू-कर मानचित्र (Cadastral Maps): ये गाँव या शहर की संपत्ति की सीमाओं, खेतों और भवनों को दर्शाते हैं। इनका उपयोग राजस्व और संपत्ति के रिकॉर्ड के लिए होता है। (जैसे 1:4,000 या 1:8,000)
- स्थलाकृतिक मानचित्र (Topographical Maps): ये प्राकृतिक और मानवीय विशेषताओं (जैसे पहाड़, नदियाँ, सड़कें, बस्तियाँ) का विस्तृत विवरण दर्शाते हैं। (जैसे 1:50,000 या 1:2,50,000)
b) लघु मापनी मानचित्र (Small Scale Maps):
- विशेषताएँ: ये बड़े क्षेत्रों (जैसे देश, महाद्वीप, विश्व) को दर्शाते हैं, लेकिन विवरण कम होता है।
- निरूपक भिन्न: इनकी निरूपक भिन्न छोटी होती है (अर्थात हर बड़ा होता है), जैसे 1:250,000 से भी छोटा (जैसे 1:1,000,000, 1:5,000,000)।
- उदाहरण:
- भित्ति मानचित्र (Wall Maps): ये कक्षाओं या कार्यालयों में उपयोग किए जाते हैं और बड़े क्षेत्रों को दर्शाते हैं।
- एटलस मानचित्र (Atlas Maps): ये एटलस पुस्तकों में पाए जाते हैं और बड़े भौगोलिक क्षेत्रों को दर्शाते हैं।
बहुविकल्पीय प्रश्न (Multiple Choice Questions - MCQs)
1. मानचित्र मापनी क्या है?
a) मानचित्र पर दो बिंदुओं के बीच की दूरी।
b) धरातल पर दो बिंदुओं के बीच की वास्तविक दूरी।
c) मानचित्र पर दूरी और धरातल पर वास्तविक दूरी का अनुपात।
d) मानचित्र का कुल क्षेत्रफल।
2. किस प्रकार की मापनी मानचित्र के छोटे या बड़े होने पर भी सही रहती है?
a) कथन मापनी
b) ग्राफिक या रेखीय मापनी
c) निरूपक भिन्न
d) b और c दोनों
3. "1 सेमी = 5 किमी" यह किस प्रकार की मापनी का उदाहरण है?
a) निरूपक भिन्न
b) ग्राफिक मापनी
c) कथन मापनी
d) इनमें से कोई नहीं
4. निरूपक भिन्न 1:50,000 को कथन मापनी में बदलने पर क्या होगा (सेंटीमीटर और किलोमीटर में)?
a) 1 सेमी = 5 किमी
b) 1 सेमी = 0.5 किमी
c) 1 सेमी = 50 किमी
d) 1 सेमी = 500 मीटर
5. भू-कर मानचित्र (Cadastral Maps) किस प्रकार के मानचित्रों के उदाहरण हैं?
a) लघु मापनी मानचित्र
b) वृहत् मापनी मानचित्र
c) एटलस मानचित्र
d) भित्ति मानचित्र
6. निम्नलिखित में से कौन सी मापनी सार्वभौमिक रूप से स्वीकार्य है और किसी भी इकाई प्रणाली में उपयोग की जा सकती है?
a) कथन मापनी
b) ग्राफिक मापनी
c) निरूपक भिन्न
d) उपरोक्त सभी
7. यदि किसी मानचित्र की निरूपक भिन्न 1:1,000,000 है, तो यह किस प्रकार के मानचित्र की मापनी होगी?
a) स्थलाकृतिक मानचित्र
b) भू-कर मानचित्र
c) एटलस मानचित्र
d) शहर का विस्तृत नक्शा
8. 1 इंच = 1 मील को निरूपक भिन्न में बदलें। (1 मील = 63,360 इंच)
a) 1:1
b) 1:63,360
c) 1:100,000
d) 1:6336
9. वृहत् मापनी मानचित्रों की मुख्य विशेषता क्या है?
a) बड़े क्षेत्रों को कम विवरण के साथ दर्शाना।
b) छोटे क्षेत्रों को विस्तृत विवरण के साथ दर्शाना।
c) केवल प्राकृतिक विशेषताओं को दर्शाना।
d) केवल मानवीय विशेषताओं को दर्शाना।
10. यदि मानचित्र पर 2 सेमी की दूरी धरातल पर 10 किमी को दर्शाती है, तो निरूपक भिन्न क्या होगी?
a) 1:500,000
b) 1:250,000
c) 1:50,000
d) 1:100,000
उत्तरमाला:
- c
- d
- c
- b
- b
- c
- c
- b
- b
- a (2 सेमी = 10 किमी => 1 सेमी = 5 किमी => 1:500,000)
मुझे आशा है कि यह विस्तृत नोट्स और बहुविकल्पीय प्रश्न आपको 'मानचित्र मापनी' अध्याय को गहराई से समझने और आपकी सरकारी परीक्षाओं की तैयारी में सहायक होंगे। किसी भी संदेह या प्रश्न के लिए, बेझिझक पूछें।