Class 12 Mathematics Notes Chapter 5 (त्रि-विमीय ज्यामिति) – Ganit-II Book

Ganit-II
प्रिय विद्यार्थियों,

आज हम कक्षा 12 गणित की पाठ्यपुस्तक 'गणित-II' के अध्याय 5 'त्रि-विमीय ज्यामिति' का विस्तृत अध्ययन करेंगे। यह अध्याय प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, और हम इसके सभी महत्वपूर्ण सिद्धांतों, सूत्रों और अवधारणाओं को गहराई से समझेंगे।


अध्याय 5: त्रि-विमीय ज्यामिति (Three Dimensional Geometry)

त्रि-विमीय ज्यामिति गणित की वह शाखा है जो तीन आयामों (लंबाई, चौड़ाई और ऊँचाई) में वस्तुओं के गुणों का अध्ययन करती है। यह हमें अंतरिक्ष में बिंदुओं, रेखाओं, समतलों और अन्य आकृतियों की स्थिति और उनके बीच के संबंधों को समझने में मदद करती है।

1. परिचय (Introduction)

त्रि-विमीय स्थान में किसी बिंदु की स्थिति को तीन परस्पर लंबवत अक्षों (x-अक्ष, y-अक्ष और z-अक्ष) के सापेक्ष परिभाषित किया जाता है। ये अक्ष एक मूल-बिंदु (O) पर प्रतिच्छेद करते हैं।

  • निर्देशांक अक्ष: OX, OY, OZ
  • निर्देशांक तल: XY-तल (z=0), YZ-तल (x=0), ZX-तल (y=0)
  • अष्टांश (Octants): तीन निर्देशांक तल अंतरिक्ष को आठ भागों में विभाजित करते हैं, जिन्हें अष्टांश कहते हैं।
  • एक बिंदु के निर्देशांक: किसी बिंदु P की स्थिति को एक क्रमित त्रिक $(x, y, z)$ द्वारा दर्शाया जाता है, जहाँ $x, y, z$ क्रमशः x, y, z अक्षों से बिंदु की लंबवत दूरियाँ हैं।

2. मूलभूत संकल्पनाएँ (Fundamental Concepts)

A. दो बिंदुओं के बीच की दूरी (Distance between two points):
यदि दो बिंदु $P(x_1, y_1, z_1)$ और $Q(x_2, y_2, z_2)$ हैं, तो उनके बीच की दूरी $PQ$ निम्न सूत्र से दी जाती है:
$PQ = \sqrt{(x_2-x_1)^2 + (y_2-y_1)^2 + (z_2-z_1)^2}$

B. विभाजन सूत्र (Section Formula):
यदि कोई बिंदु $R(x, y, z)$ बिंदुओं $P(x_1, y_1, z_1)$ और $Q(x_2, y_2, z_2)$ को $m:n$ के अनुपात में विभाजित करता है, तो:

  • आंतरिक विभाजन (Internal Division):
    $x = \frac{mx_2 + nx_1}{m+n}$, $y = \frac{my_2 + ny_1}{m+n}$, $z = \frac{mz_2 + nz_1}{m+n}$
  • बाह्य विभाजन (External Division):
    $x = \frac{mx_2 - nx_1}{m-n}$, $y = \frac{my_2 - ny_1}{m-n}$, $z = \frac{mz_2 - nz_1}{m-n}$
  • मध्य-बिंदु (Mid-point): (जब $m=n=1$)
    $x = \frac{x_1+x_2}{2}$, $y = \frac{y_1+y_2}{2}$, $z = \frac{z_1+z_2}{2}$

3. दिक्-कोसाइन और दिक्-अनुपात (Direction Cosines and Direction Ratios)

A. दिक्-कोसाइन (Direction Cosines - DC's):
यदि एक रेखा x, y और z अक्षों की धनात्मक दिशाओं के साथ क्रमशः $\alpha, \beta, \gamma$ कोण बनाती है, तो $\cos\alpha, \cos\beta, \cos\gamma$ को उस रेखा के दिक्-कोसाइन कहते हैं। इन्हें प्रायः $l, m, n$ से दर्शाया जाता है।

  • $l = \cos\alpha$, $m = \cos\beta$, $n = \cos\gamma$
  • महत्वपूर्ण संबंध: $l^2 + m^2 + n^2 = 1$

B. दिक्-अनुपात (Direction Ratios - DR's):
कोई भी तीन संख्याएँ $a, b, c$ जो किसी रेखा के दिक्-कोसाइन $l, m, n$ के समानुपाती हों, उस रेखा के दिक्-अनुपात कहलाती हैं।

  • $\frac{l}{a} = \frac{m}{b} = \frac{n}{c} = k$ (जहाँ $k$ एक स्थिरांक है)
  • दिक्-अनुपातों से दिक्-कोसाइन ज्ञात करना:
    $l = \pm \frac{a}{\sqrt{a2+b2+c^2}}$, $m = \pm \frac{b}{\sqrt{a2+b2+c^2}}$, $n = \pm \frac{c}{\sqrt{a2+b2+c^2}}$

C. दो बिंदुओं को मिलाने वाली रेखा के दिक्-अनुपात और दिक्-कोसाइन:
बिंदुओं $P(x_1, y_1, z_1)$ और $Q(x_2, y_2, z_2)$ को मिलाने वाली रेखा के दिक्-अनुपात $(x_2-x_1), (y_2-y_1), (z_2-z_1)$ होते हैं।
इसके दिक्-कोसाइन हैं:
$l = \frac{x_2-x_1}{PQ}$, $m = \frac{y_2-y_1}{PQ}$, $n = \frac{z_2-z_1}{PQ}$
जहाँ $PQ = \sqrt{(x_2-x_1)^2 + (y_2-y_1)^2 + (z_2-z_1)^2}$

4. रेखाएँ (Lines)

A. एक बिंदु से गुजरने वाली और दिए गए दिक्-अनुपातों वाली रेखा का समीकरण:

  • सदिश रूप: $\vec{r} = \vec{a} + \lambda\vec{b}$
    • जहाँ $\vec{a}$ उस बिंदु का स्थिति सदिश है जिससे रेखा गुजरती है, और $\vec{b}$ उस सदिश के समानांतर है जिसके दिक्-अनुपात दिए गए हैं। $\lambda$ एक अदिश प्राचल है।
  • कार्तीय रूप: $\frac{x-x_1}{a} = \frac{y-y_1}{b} = \frac{z-z_1}{c}$
    • जहाँ $(x_1, y_1, z_1)$ वह बिंदु है जिससे रेखा गुजरती है, और $a, b, c$ रेखा के दिक्-अनुपात हैं।

B. दो बिंदुओं से गुजरने वाली रेखा का समीकरण:

  • सदिश रूप: $\vec{r} = \vec{a} + \lambda(\vec{b}-\vec{a})$
    • जहाँ $\vec{a}$ और $\vec{b}$ उन दो बिंदुओं के स्थिति सदिश हैं जिनसे रेखा गुजरती है।
  • कार्तीय रूप: $\frac{x-x_1}{x_2-x_1} = \frac{y-y_1}{y_2-y_1} = \frac{z-z_1}{z_2-z_1}$
    • जहाँ $(x_1, y_1, z_1)$ और $(x_2, y_2, z_2)$ वे दो बिंदु हैं जिनसे रेखा गुजरती है।

C. दो रेखाओं के बीच का कोण (Angle between two lines):
यदि दो रेखाओं के दिक्-अनुपात $(a_1, b_1, c_1)$ और $(a_2, b_2, c_2)$ हैं, तो उनके बीच का कोण $\theta$ निम्न सूत्र से दिया जाता है:
$\cos\theta = \left|\frac{a_1a_2 + b_1b_2 + c_1c_2}{\sqrt{a_12+b_12+c_12}\sqrt{a_22+b_22+c_22}}\right|$

  • समांतर रेखाएँ (Parallel Lines): यदि $\frac{a_1}{a_2} = \frac{b_1}{b_2} = \frac{c_1}{c_2}$
  • लंबवत रेखाएँ (Perpendicular Lines): यदि $a_1a_2 + b_1b_2 + c_1c_2 = 0$

D. विषम-तलीय रेखाएँ (Skew Lines) और उनके बीच की न्यूनतम दूरी (Shortest Distance):

  • विषम-तलीय रेखाएँ: वे रेखाएँ जो न तो समानांतर होती हैं और न ही प्रतिच्छेद करती हैं। वे अलग-अलग तलों में स्थित होती हैं।
  • न्यूनतम दूरी (Shortest Distance):
    • दो विषम-तलीय रेखाएँ:
      $\vec{r}_1 = \vec{a}_1 + \lambda\vec{b}_1$
      $\vec{r}_2 = \vec{a}_2 + \mu\vec{b}_2$
      न्यूनतम दूरी $d = \left|\frac{(\vec{b}_1 \times \vec{b}_2) \cdot (\vec{a}_2 - \vec{a}_1)}{|\vec{b}_1 \times \vec{b}_2|}\right|$
    • दो समांतर रेखाएँ:
      $\vec{r}_1 = \vec{a}_1 + \lambda\vec{b}$
      $\vec{r}_2 = \vec{a}_2 + \mu\vec{b}$
      न्यूनतम दूरी $d = \left|\frac{\vec{b} \times (\vec{a}_2 - \vec{a}_1)}{|\vec{b}|}\right|$

5. समतल (Plane)

A. एक समतल का समीकरण (Equation of a Plane):

  • अभिलंब रूप (Normal Form):
    • सदिश रूप: $\vec{r} \cdot \hat{n} = d$
      • जहाँ $\hat{n}$ मूल-बिंदु से समतल पर डाले गए अभिलंब की दिशा में एक इकाई सदिश है, और $d$ मूल-बिंदु से समतल की लंबवत दूरी है।
    • कार्तीय रूप: $lx + my + nz = d$
      • जहाँ $l, m, n$ अभिलंब के दिक्-कोसाइन हैं।
  • एक बिंदु से गुजरने वाले और दिए गए अभिलंब सदिश वाले समतल का समीकरण:
    • सदिश रूप: $(\vec{r} - \vec{a}) \cdot \vec{N} = 0$
      • जहाँ $\vec{a}$ उस बिंदु का स्थिति सदिश है जिससे समतल गुजरता है, और $\vec{N}$ समतल पर अभिलंब सदिश है।
    • कार्तीय रूप: $A(x-x_1) + B(y-y_1) + C(z-z_1) = 0$
      • जहाँ $(x_1, y_1, z_1)$ वह बिंदु है जिससे समतल गुजरता है, और $A, B, C$ अभिलंब के दिक्-अनुपात हैं।
  • तीन असंरेखीय बिंदुओं से गुजरने वाले समतल का समीकरण:
    • सदिश रूप: $(\vec{r} - \vec{a}) \cdot [(\vec{b}-\vec{a}) \times (\vec{c}-\vec{a})] = 0$
    • कार्तीय रूप:
      $\begin{vmatrix} x-x_1 & y-y_1 & z-z_1 \ x_2-x_1 & y_2-y_1 & z_2-z_1 \ x_3-x_1 & y_3-y_1 & z_3-z_1 \end{vmatrix} = 0$
  • अंतःखंड रूप (Intercept Form):
    $\frac{x}{a} + \frac{y}{b} + \frac{z}{c} = 1$
    • जहाँ $a, b, c$ x, y, z अक्षों पर समतल द्वारा बनाए गए अंतःखंड हैं।
  • समतल का सामान्य समीकरण (General Equation of a Plane):
    $Ax + By + Cz + D = 0$
    • जहाँ $A, B, C$ समतल के अभिलंब के दिक्-अनुपात हैं।

B. दो समतलों के बीच का कोण (Angle between two planes):
यदि दो समतलों के अभिलंब सदिश $\vec{N}_1$ और $\vec{N}_2$ हैं, तो उनके बीच का कोण $\theta$:
$\cos\theta = \left|\frac{\vec{N}_1 \cdot \vec{N}_2}{|\vec{N}_1||\vec{N}_2|}\right|$
कार्तीय रूप में, यदि समतलों के समीकरण $A_1x+B_1y+C_1z+D_1=0$ और $A_2x+B_2y+C_2z+D_2=0$ हैं, तो
$\cos\theta = \left|\frac{A_1A_2 + B_1B_2 + C_1C_2}{\sqrt{A_12+B_12+C_12}\sqrt{A_22+B_22+C_22}}\right|$

  • समांतर समतल (Parallel Planes): यदि $\frac{A_1}{A_2} = \frac{B_1}{B_2} = \frac{C_1}{C_2}$
  • लंबवत समतल (Perpendicular Planes): यदि $A_1A_2 + B_1B_2 + C_1C_2 = 0$

C. एक रेखा और एक समतल के बीच का कोण (Angle between a line and a plane):
यदि रेखा का समीकरण $\vec{r} = \vec{a} + \lambda\vec{b}$ और समतल का समीकरण $\vec{r} \cdot \vec{N} = d$ है, और रेखा तथा समतल के बीच का कोण $\phi$ है, तो:
$\sin\phi = \left|\frac{\vec{b} \cdot \vec{N}}{|\vec{b}||\vec{N}|}\right|$
कार्तीय रूप में, यदि रेखा के दिक्-अनुपात $a, b, c$ हैं और समतल के अभिलंब के दिक्-अनुपात $A, B, C$ हैं, तो:
$\sin\phi = \left|\frac{aA + bB + cC}{\sqrt{a2+b2+c2}\sqrt{A2+B2+C2}}\right|$

D. एक बिंदु की एक समतल से दूरी (Distance of a point from a plane):
बिंदु $P(x_1, y_1, z_1)$ से समतल $Ax+By+Cz+D=0$ की दूरी $d$ निम्न सूत्र से दी जाती है:
$d = \left|\frac{Ax_1 + By_1 + Cz_1 + D}{\sqrt{A2+B2+C^2}}\right|$

  • मूल-बिंदु $(0,0,0)$ से समतल $Ax+By+Cz+D=0$ की दूरी: $d = \left|\frac{D}{\sqrt{A2+B2+C^2}}\right|$

E. दो समतलों के प्रतिच्छेदन से गुजरने वाले समतल का समीकरण (Equation of a plane passing through the intersection of two planes):
यदि दो समतलों के समीकरण $P_1: A_1x+B_1y+C_1z+D_1=0$ और $P_2: A_2x+B_2y+C_2z+D_2=0$ हैं, तो उनके प्रतिच्छेदन से गुजरने वाले किसी भी समतल का समीकरण:
$(A_1x+B_1y+C_1z+D_1) + \lambda(A_2x+B_2y+C_2z+D_2) = 0$
सदिश रूप में: $\vec{r} \cdot (\vec{N}_1 + \lambda\vec{N}_2) = d_1 + \lambda d_2$


बहुविकल्पीय प्रश्न (Multiple Choice Questions - MCQs)

यहाँ अध्याय 5 'त्रि-विमीय ज्यामिति' पर आधारित 10 बहुविकल्पीय प्रश्न दिए गए हैं:

1. बिंदु $(2, 3, 5)$ और $(4, 3, 1)$ के बीच की दूरी है:
(A) $\sqrt{20}$
(B) $\sqrt{24}$
(C) $2\sqrt{5}$
(D) $2\sqrt{6}$

2. बिंदु $(1, -2, 3)$ और $(3, 4, -5)$ को मिलाने वाले रेखाखंड को $2:3$ के अनुपात में आंतरिक रूप से विभाजित करने वाले बिंदु के निर्देशांक हैं:
(A) $\left(\frac{9}{5}, \frac{2}{5}, -\frac{1}{5}\right)$
(B) $\left(\frac{9}{5}, \frac{2}{5}, \frac{1}{5}\right)$
(C) $\left(\frac{7}{5}, \frac{2}{5}, -\frac{1}{5}\right)$
(D) $\left(\frac{7}{5}, \frac{2}{5}, \frac{1}{5}\right)$

3. यदि एक रेखा x, y, z अक्षों के साथ समान कोण बनाती है, तो इसके दिक्-कोसाइन हैं:
(A) $(\frac{1}{2}, \frac{1}{2}, \frac{1}{2})$
(B) $(\frac{1}{\sqrt{3}}, \frac{1}{\sqrt{3}}, \frac{1}{\sqrt{3}})$
(C) $(1, 1, 1)$
(D) $(\frac{1}{\sqrt{2}}, \frac{1}{\sqrt{2}}, 0)$

4. बिंदु $(1, 2, 3)$ से गुजरने वाली और सदिश $3\hat{i} + 2\hat{j} - 2\hat{k}$ के समानांतर रेखा का समीकरण है:
(A) $\frac{x-1}{3} = \frac{y-2}{2} = \frac{z-3}{-2}$
(B) $\frac{x+1}{3} = \frac{y+2}{2} = \frac{z+3}{-2}$
(C) $\frac{x-3}{1} = \frac{y-2}{2} = \frac{z+2}{3}$
(D) $\frac{x+3}{1} = \frac{y+2}{2} = \frac{z-2}{3}$

5. दो रेखाएँ $\frac{x-1}{2} = \frac{y-2}{3} = \frac{z-3}{4}$ और $\frac{x-4}{5} = \frac{y-1}{2} = \frac{z}{1}$ के बीच का कोण है:
(A) $\cos^{-1}\left(\frac{20}{7\sqrt{10}}\right)$
(B) $\cos^{-1}\left(\frac{20}{\sqrt{29}\sqrt{30}}\right)$
(C) $\cos^{-1}\left(\frac{20}{\sqrt{29}\sqrt{30}}\right)$
(D) $\cos^{-1}\left(\frac{20}{5\sqrt{29}}\right)$

6. यदि रेखाएँ $\frac{x-1}{-3} = \frac{y-2}{2k} = \frac{z-3}{2}$ और $\frac{x-1}{3k} = \frac{y-5}{1} = \frac{z-6}{-5}$ परस्पर लंबवत हैं, तो $k$ का मान है:
(A) $10$
(B) $-10$
(C) $\frac{10}{7}$
(D) $-\frac{10}{7}$

7. समतल $2x - y + 2z = 5$ पर मूल-बिंदु से डाले गए अभिलंब के दिक्-कोसाइन हैं:
(A) $\left(\frac{2}{3}, -\frac{1}{3}, \frac{2}{3}\right)$
(B) $\left(\frac{2}{5}, -\frac{1}{5}, \frac{2}{5}\right)$
(C) $\left(\frac{1}{3}, -\frac{1}{6}, \frac{1}{3}\right)$
(D) $\left(2, -1, 2\right)$

8. बिंदु $(1, 0, -1)$ से गुजरने वाले और समतल $2x + y - z = 8$ के समानांतर समतल का समीकरण है:
(A) $2x + y - z = 3$
(B) $2x + y - z = 0$
(C) $2x + y - z = 1$
(D) $2x + y - z = 2$

9. समतल $2x + 3y + 4z = 4$ द्वारा अक्षों पर बनाए गए अंतःखंड हैं:
(A) $(2, 3, 4)$
(B) $(4, \frac{4}{3}, 1)$
(C) $(2, \frac{4}{3}, 1)$
(D) $(2, \frac{3}{4}, 1)$

10. बिंदु $(2, 5, -3)$ से समतल $6x - 3y + 2z - 4 = 0$ की दूरी है:
(A) $\frac{13}{7}$
(B) $\frac{13}{49}$
(C) $\frac{13}{\sqrt{7}}$
(D) $\frac{13}{36}$


उत्तर कुंजी (Answer Key):

  1. (D)
  2. (A)
  3. (B)
  4. (A)
  5. (B)
  6. (D)
  7. (A)
  8. (A)
  9. (B)
  10. (A)

मुझे आशा है कि ये विस्तृत नोट्स और बहुविकल्पीय प्रश्न आपको 'त्रि-विमीय ज्यामिति' अध्याय को समझने और सरकारी परीक्षाओं की तैयारी करने में सहायक होंगे। शुभकामनाएँ!

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